एक लाख कार्यकर्ताओं को दिल्ली ले जाएगी कांग्रेस

भोपाल। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) और मतदाता सूची में कथित गड़बडिय़ों के विरोध में कांग्रेस एक नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में महारैली करेगी। महारैली को सफल बनाने के लिए मप्र कांग्रेस ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। प्रदेश से करीब एक लाख कांग्रेस कार्यकर्ताओं को दिल्ली ले जाने का लक्ष्य तय किया गया है। प्रदेशभर के कार्यकर्ता पहले ग्वालियर पहुंचेंगे और वहां से दिल्ली के लिए रवाना होंगे। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने बुधवार को प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में आयोजित बैठक में जिला अध्यक्षों और प्रभारियों को महारैली को लेकर जरूरी निर्देश दिए। भोपाल समेत पांच संभागों के जिला अध्यक्ष, जिला प्रभारी और विधानसभा प्रभारी बैठक में शामिल हुए। पटवारी ने संगठन के कामकाज की समीक्षा के साथ एसआईआर और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों पर पार्टी के आगामी कार्यक्रमों की जानकारी ली। उन्होंने जिला स्तर से लेकर बूथ तक संगठन को सक्रिय करने और महारैली में अधिक से अधिक कार्यकर्ताओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में पटवारी ने ब्लॉक, मंडलम, वार्ड और पंचायत कमेटियों से लेकर बूथ स्तर तक कार्यकारिणी के गठन की स्थिति की जानकारी ली। जिन स्थानों पर अभी नियुक्तियां बाकी हैं, वहां उन्हें तत्काल पूरा करने के निर्देश दिए गए। जिला और विधानसभा प्रभारियों से उनके क्षेत्रों में कामकाज के दौरान आ रही व्यावहारिक कठिनाइयों की जानकारी भी ली गई। पटवारी ने प्रभारियों को फील्ड में सक्रिय रहने और संगठन के पदाधिकारियों के साथ समन्वय बनाकर काम करने को कहा। उन्होंने कहा कि संगठन को मजबूत करने के लिए सभी स्तर के पदाधिकारियों के बीच बेहतर तालमेल जरूरी है। बैठक में पंचायत और नगरीय निकाय चुनाव की तैयारियां अभी से शुरू करने पर भी जोर दिया गया। पटवारी ने जिला अध्यक्षों और जिला व विधानसभा प्रभारियों से आगामी विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए अपने-अपने क्षेत्रों में योग्य संभावित प्रत्याशियों के नामों पर मंथन शुरू करने को कहा। बैठक में सांगठनिक गतिविधियों की समीक्षा की गई और आगामी संगठनात्मक कार्यक्रमों एवं रणनीति की रूपरेखा पर विस्तार से चर्चा हुई।
ब्लॉक स्तर तक चलेगा काटार गाद्दी छोड़ अभियान
कांग्रेस की बैठक में वोट चोर गद्दी छोड़ अभियान को लेकर भी रणनीति पर चर्चा हुई। पार्टी इस अभियान को प्रदेश के सभी जिलों में ब्लॉक स्तर तक ले जाएगी। इसके तहत स्थानीय स्तर पर रैलियां निकाली जाएंगी और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर कलेक्टरों को ज्ञापन सौंपे जाएंगे। ब्लॉक स्तर पर होने वाले कार्यक्रमों में पार्टी कार्यकर्ताओं को मतदाता सूची की जांच, कथित गड़बडिय़ों और चुनाव प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों को जनता के बीच उठाने के निर्देश दिए जाएंगे।




