देर रात पुलिस ने उखाड़ा टेंट, NSUI कार्यकर्ताओ को गाड़ी में भरकर थाने ले गयी पुलिस!
डिग्री कॉलेज प्राचार्य को हटाने की मांग पर एनएसयूआई का आमरण अनशन तुड़वाया, देर रात पुलिस-प्रशासन की कार्रवाई

सतना। सतना के डिग्री कॉलेज के प्राचार्य को हटाने की मांग को लेकर एनएसयूआई द्वारा किया जा रहा चार दिवसीय आमरण अनशन गुरुवार देर रात समाप्त हो गया। पुलिस और प्रशासन ने रात करीब साढ़े 12 बजे अनशन स्थल खाली कराते हुए टेंट उखाड़ दिया और सभी अनशनरत कार्यकर्ताओं को जिला अस्पताल भिजवाया।
कार्रवाई के दौरान एसडीएम सिटी राहुल सिलाडिया और सीएसपी देवेंद्र प्रताप दिन के नेतृत्व में प्रशासनिक व पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पहले छात्र नेताओं को अनशन समाप्त करने के लिए समझाइश दी गई, लेकिन सहमति नहीं बनने पर एनएसयूआई के प्रदेश सचिव आनंद पांडेय सहित अन्य कार्यकर्ताओं को जबरन अनशन स्थल से हटाया गया। कुछ कार्यकर्ताओं को पुलिस वाहन और कुछ को एंबुलेंस से जिला अस्पताल ले जाया गया।
छात्र नेताओं ने कार्रवाई को बताया तानाशाही
देर रात की गई इस कार्रवाई को लेकर एनएसयूआई नेताओं ने प्रशासन पर तानाशाही रवैया अपनाने का आरोप लगाया है। संगठन का कहना है कि शांतिपूर्ण तरीके से छात्रहित की मांग उठाने के बावजूद अनशन को बलपूर्वक समाप्त कराया गया।
गौरतलब है कि यह पूरा मामला डिग्री कॉलेज के प्राचार्य एस.सी. राय पर लगाए गए मनमानी और छात्रहित की अनदेखी के आरोपों से जुड़ा है। एनएसयूआई के प्रदेश महासचिव आनंद पांडेय के नेतृत्व में छात्र-छात्राओं ने सोमवार से कॉलेज गेट के सामने आमरण अनशन शुरू किया था।

मूलभूत सुविधाओं की अनदेखी का आरोप
छात्रों का आरोप है कि कॉलेज में मूलभूत सुविधाओं की लगातार अनदेखी की जा रही है। विशेष रूप से बीमार या घायल छात्रों के लिए बनाया गया सिक रूम केवल कागजों में ही सीमित है, जबकि जमीनी स्तर पर उसकी कोई व्यवस्था नहीं है। इस मुद्दे को लेकर पहले भी छात्र संगठन द्वारा विरोध दर्ज कराया जा चुका है।
इसके अलावा, प्राचार्य से जुड़ी एक ऑडियो क्लिप सामने आने के बाद एनएसयूआई ने विरोध को और तेज कर दिया था। संगठन का दावा है कि उक्त ऑडियो क्लिप प्राचार्य की कार्यशैली और छात्रों के प्रति रवैये पर गंभीर सवाल खड़े करती है।
फिलहाल प्रशासन की ओर से मामले में आगे की कार्रवाई या मांगों पर निर्णय को लेकर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।




