Uncategorized

सतना को मिला जीरो फेटेलिटी डिस्ट्रिक्ट का दर्जा, चित्रकूट मार्ग पर 20 करोड़ से सुधार कार्य शुरू

सतना। भारत सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने सतना जिले को जीरो फेटेलिटी डिस्ट्रिक्ट में शामिल किया है। इसके बाद जिले में सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। सतना से चित्रकूट (हनुमानधारा तक) मार्ग पर ब्लैक स्पॉट चिन्हित कर सुधार कार्य शुरू कर दिया गया है। इस मार्ग के मेंटेनेंस पर लगभग 20 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। पिछले एक वर्ष में इस सड़क पर 44 सड़क हादसे दर्ज किए गए हैं।

10 ब्लैक स्पॉट का निरीक्षण, सुधार के निर्देश
सुप्रीम कोर्ट कमेटी ऑन रोड सेफ्टी की हालिया बैठक के बाद एनएचएआई अधिकारियों और डीएसपी यातायात ने सतना–चित्रकूट मार्ग पर स्थित 10 ब्लैक स्पॉट का संयुक्त निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कार्य एजेंसी को आवश्यक सुधार कार्यों के निर्देश दिए गए। इस मौके पर एनएचएआई के तकनीकी प्रबंधक आशीष तड़ियाल, डीएसपी यातायात संजय खरे सहित एजेंसी का स्टाफ मौजूद रहा।

एनएचएआई के तकनीकी प्रबंधक आशीष तड़ियाल ने बताया कि 1500 करोड़ रुपये की लागत से प्रस्तावित चित्रकूट–सतना फोरलेन (रामवन गमन पथ एक्सटेंशन) के निर्माण से पहले इस सड़क के रख-रखाव की जिम्मेदारी एनएचएआई को सौंपी गई है। इसी के तहत बुधवार से मेंटेनेंस कार्य शुरू किया जाएगा।

जानिए कहां-कहां होंगे सुधार कार्य
लवडेल स्कूल के सामने: साइड शोल्डर न होने से हो रहे हादसों को देखते हुए साइड शोल्डर, ब्लिंकर और कैट आई लगाए जाएंगे।
हाटी मोड़: सड़क लेवल सुधारा जाएगा, स्पीड ब्रेकर और ब्लिंकर लगाए जाएंगे।
खाम्हा–खूझा भुमकहर मोड़: गुमटियां हटाने, गहरी खाई भरने और साइड शोल्डर के खंभे हटाने के निर्देश।
कोठी–सोनौर मोड़: सड़क डिजाइन में सुधार, साइड शोल्डर निर्माण, अतिक्रमण हटाने, रोड मार्किंग और ब्लिंकर लगाए जाएंगे।
चितहरा मोड़: साइड शोल्डर और ब्लिंकर लगाए जाएंगे।
मझगवां के आगे नायरा पेट्रोल पंप के सामने: सड़क की खराब स्थिति को देखते हुए करीब 7 किलोमीटर का हिस्सा पूरी तरह सुधारा जाएगा, तब तक साइड शोल्डर फिलिंग की जाएगी।

बगदरा घाटी में तैनात हुई क्रेन और पेट्रोलिंग वाहन
बगदरा घाटी का लगभग 12 किलोमीटर का क्षेत्र मोबाइल नेटवर्क से वंचित और अत्यधिक दुर्घटनाग्रस्त माना जाता है। वर्ष 2025 में अब तक यहां 44 हादसे हो चुके हैं, जिनमें 21 लोगों की मौत हुई है। भारी वाहनों के दुर्घटनाग्रस्त होने पर घंटों यातायात बाधित रहता था। अब एनएचएआई ने मौके पर क्रेन और हाईवे पेट्रोलिंग वाहन तैनात कर दिए हैं। साथ ही घाटी के सकरे मोड़ों को चौड़ा करने का भी कार्य किया जाएगा।
प्रशासन का कहना है कि इन सुधार कार्यों से सड़क दुर्घटनाओं में कमी आएगी और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी।

Related Articles

Back to top button
Close