
सतना। विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल के नेतृत्व में सोमवार, 6 जनवरी को झखौरा ग्राम में कथित अवैध मस्जिद निर्माण और धर्मांतरण के विरोध में महापंचायत की बैठक आयोजित की गई। बैठक में सैकड़ों की संख्या में हिंदूवादी संगठनों से जुड़े लोग उपस्थित रहे। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए प्रशासन ने मौके पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की है। कथित अवैध मस्जिद स्थल के पास एडिशनल एसपी, चित्रकूट एसडीएम, एसडीओपी, तहसीलदार तथा सभापुर थाना प्रभारी मौजूद रहे। इसके अलावा कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए कई थानों का पुलिस बल भी तैनात किया गया है। प्रशासन का कहना है कि पूरे घटनाक्रम पर नजर रखी जा रही है और कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल स्थिति शांतिपूर्ण बनी हुई है।

क्या है मामला
धारकुंडी थाना क्षेत्र अंतर्गत झखौरा गांव में एक निर्माणाधीन विवादित मकान को प्रशासन ने सीज कर दिया है। मझगवां एसडीएम महिपाल सिंह गुर्जर ने आदेश जारी करते हुए स्पष्ट किया है कि संपत्ति के स्वामित्व का निराकरण होने तक उक्त स्थल की निगरानी ग्राम पंचायत द्वारा की जाएगी। यह कार्रवाई थाना प्रभारी के प्रतिवेदन के आधार पर की गई है।
जानकारी के अनुसार झखौरा निवासी कामता चौधरी और उनके पारिवारिक रिश्तेदार लालमन चौधरी उर्फ अब्दुल रहमान के बीच निर्माणाधीन भवन के भूखंड को लेकर विवाद चल रहा है। दोनों पक्ष इस जमीन पर अपना-अपना स्वामित्व दावा कर रहे हैं। हाल ही में विवाद उस समय और बढ़ गया, जब लालमन उर्फ अब्दुल द्वारा भवन पर गुंबदनुमा निर्माण कराए जाने का प्रयास किया गया।
धर्मांतरण के आरोप में तीन गिरफ्तार, मुंबई कनेक्शन की जांच
इसी क्षेत्र में हाल ही में पुलिस ने धर्मांतरण के एक कथित रैकेट का खुलासा करते हुए पिता-पुत्र सहित तीन आरोपियों को 31 दिसंबर को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। यह मामला उत्तर प्रदेश की सीमा से लगे धारकुंडी थाना क्षेत्र का है। जांच के दौरान इस प्रकरण में मुंबई से जुड़े संपर्क सामने आए हैं, जिनकी गहन जांच की जा रही है। पुलिस को बीते कुछ समय से झखौरा निवासी 68 वर्षीय लालमन चौधरी उर्फ अब्दुल रहमान पुत्र जिसवा चौधरी के खिलाफ ग्रामीण क्षेत्र में धर्मांतरण कराने और अनाधिकृत रूप से मस्जिद निर्माण की शिकायतें मिल रही थीं।
पहले स्वयं किया धर्म परिवर्तन, फिर दूसरों को जोड़ा
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी लालमन ने लगभग 15 वर्ष पूर्व स्वयं धर्म परिवर्तन किया था। इसके बाद उसने अपने 32 वर्षीय बेटे विजय भारती उर्फ मोहम्मद उमर तथा 42 वर्षीय रिश्ते के भतीजे दीनानाथ चौधरी उर्फ अब्दुल्ला पुत्र मोहनलाल चौधरी, निवासी रनेही थाना कोठी, का भी धर्म परिवर्तन कराया। बताया गया है कि आरोपी अपने घर में धार्मिक आयोजन करता था, जिसकी जानकारी गांव वालों को नहीं लग पाई। करीब 15 दिन पहले जब उसके घर पर मस्जिदनुमा गुंबद का निर्माण शुरू हुआ, तब ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया और पुलिस को सूचना दी गई। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर आरोपियों के घर की तलाशी ली गई, जहां स्वयं द्वारा लिखी गई एक पुस्तक, धार्मिक पुस्तकें, झंडे, बैनर और एक मोबाइल फोन बरामद किया गया। मोबाइल फोन में कई आपत्तिजनक संदेश पाए गए हैं। पुलिस पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रही है।




